खेलों के माध्यम से समाज में अनुशासन, उत्तम स्वास्थ्य और राष्ट्रभक्ति की भावना जागृत करने के उद्देश्य से समर्पित अग्रणी संस्था क्रीड़ा भारती है. संस्था के पदाधिकारियों ने क्रीड़ा भारती के गौरवशाली इतिहास और इसके दूरदर्शी उद्देश्यों पर राजधानी में प्रेस वार्ता के माध्यम से प्रकाश डाला।
क्रीड़ा भारती के प्रांतीय मंत्री सुमीत उपाध्याय, अध्यक्ष संजय शर्मा व उपाध्यक्ष नीता डुमरे ने संयुक्त पत्रकारवार्ता में कल बताया कि क्रीड़ा भारती की स्थापना वर्ष 1992 में महाराष्ट्र के पुणे में हुई थी, तब से लेकर आज तक यह संस्था अपने मूल मंत्र क्रीड़ा से चरित्र निर्माण और चरित्र से राष्ट्र निर्माण को चरितार्थ करने के लिए निरंतर कार्य कर रहा है। संस्था का मानना है कि एक स्वस्थ और अनुशासित खिलाड़ी ही एक सशक्त राष्ट्र का आधार बन सकता है।
पत्रकारवार्ता के दौरान संस्था के लक्ष्यों को साझा करते हुए निम्नलिखित बिंदुओं पर बल दिया गया-
खेल संस्कृति का पुनरुद्धार-समाज में खेलों के प्रति सकारात्मक वातावरण बनाना और खेल संस्कृति को जन-जन तक पहुँचाना।
स्वदेशी खेलों को प्रोत्साहन- गत दिसम्बर माह में अहमदाबाद में क्रीड़ा भारती के राष्ट्रीय अधिवेशन में देश के सभी राज्यों से आये दो हजार से अधिक प्रतिनिधियो जिसमे ओलंपियन, राष्ट्रीय व अन्तर्राष्ट्रीय खिलाडीयों, अर्जुन अवार्डी, पदमश्री एवं खेल से जुड़े विशेषज्ञो द्वारा एक मत से खेल को मौलिक अधिकार में शामिल किये जाने का प्रस्ताव पारित कर सरकार को प्रतिवेदन दिया गया. उक्त कार्यक्रम में केन्द्रीय खेल मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया उपस्थित थे.
कबबड्डी जैसे पारम्परिक खेल को 2036 ऑलम्पिक खेल में शामिल हो इसके लिये देश में महौल बनाने के लिए योजनाबद्ध कार्यकम वर्षभर आयोजित हो रहे है.
प्रेस वार्ता में आधुनिक खेलों के साथ-साथ भारत के पारंपरिक और ग्रामीण खेलों को बढ़ावा देने की बात कही गयी। सर्वांगीण स्वास्थ्य और योग को देश के प्रत्येक नागरिक को स्वस्थ रखने हेतु व्यापक प्रचार-प्रसार को भी प्रमुख लक्ष्य में सुनिश्चीत किया गया। स्थानीय स्तर पर खेल प्रतिभाओं को पहचानना और उन्हें उचित मंच प्रदान करना।
क्रीड़ा भारती का लक्ष्य केवल खिलाड़ी तैयार करना नहीं बल्कि ऐसे नागरिक तैयार करना है जो शारीरिक और मानसिक रूप से सुदृढ़ हों और राष्ट्र सेवा के लिए सदैव तत्पर रहें। इस दौरान प्रान्तध्यक्ष संजय शर्मा (राष्ट्रीय व अन्तर्राष्ट्रीय खिलाड़ी एवं निर्णायक बॉडी बिल्डिंग), प्रान्त उपाध्यक्ष नीता डुमर, प्रान्त मंत्री सुमित उपाध्यय, पदाधिकारी सौरभ सोनी, हर्षा साहू (अंतर्राष्ट्रीय खिलाड़ी), रायपुर महानगर मंत्री वीरेन्द्र देशमुख( एन आई एस कोच बास्केटबॉल) उपस्थित थे।
